राकेश यादव, देवरी/सागर (मप्र), NIT:
शुक्रवार को देवरी विधानसभा किसान आक्रोश का केंद्र बनी रही। खरीफ फसल नुकसान, राहत राशि में देरी, समर्थन मूल्य में अनियमितता तथा बिजली-खाद संकट को लेकर कांग्रेस द्वारा आयोजित ‘किसान जन आक्रोश रैली’ में क्षेत्रभर के किसान अपने-अपने ट्रैक्टरों के साथ भारी संख्या में शामिल हुए। ट्रैक्टरों का लंबा काफिला पूरे नगर में आंदोलन का माहौल बनाता हुआ निकलता रहा।
रैली की शुरुआत कांग्रेस कार्यालय, छीर बायपास से हुई, जहां से किसानों का जत्था मुख्य मार्गों से गुजरते हुए कृषि मंडी प्रांगण पहुंचा। रास्तेभर किसानों ने सरकार की नीतियों के विरोध में जोरदार नारेबाज़ी की।
कृषि मंडी में आयोजित सभा को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री हर्ष यादव और कांग्रेस जिलाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह मुहासा ने भाजपा सरकार पर किसान विरोधी नीतियों का आरोप लगाया। हर्ष यादव ने कहा कि सरकार ने किसानों की आय दोगुनी करने का वादा किया था, लेकिन किसान आज भी कर्ज़ के बोझ तले दबे हैं।
कांग्रेस ने ज्ञापन के माध्यम से 6 प्रमुख मांगें उठाईं:-
1. मक्का का घोषित ₹2400/quintal MSP किसानों को तत्काल दिलाया जाए।
2. धान का MSP बढ़ाकर ₹3100/quintal किया जाए।
3. सोयाबीन का MSP ₹6000/quintal तय किया जाए।
4. किसानों को निर्बाध व पर्याप्त बिजली उपलब्ध कराई जाए, अघोषित कटौती रोकी जाए।
5. खाद–उर्वरक समय पर उपलब्ध कराए जाएं।
6. प्राकृतिक आपदा से क्षतिग्रस्त फसलों का मुआवज़ा तुरंत दिया जाए और किसानों का कर्ज़ माफ किया जाए।
सभा के बाद किसानों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कृषि मंडी में भाजपा सरकार का पुतला दहन कर विरोध दर्ज कराया। तत्पश्चात ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के प्रतिनिधिमंडल ने एसडीएम मुनव्वर खान को राज्यपाल के नाम 6 सूत्री ज्ञापन सौंपा।
प्रदर्शन में देवरी विधानसभा के सैकड़ों किसान, युवा कांग्रेस, महिला कांग्रेस, किसान कांग्रेस, एनएसयूआई सहित विभिन्न मोर्चा–प्रकोष्ठों के पदाधिकारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया तो आंदोलन और अधिक उग्र रूप लेगा।

