यूसुफ खान, ब्यूरो चीफ, धौलपुर (राजस्थान), NIT:

जिला यूनानी चिकित्सालय में विश्व यूनानी दिवस का आयोजन किया गया जिसमें जिला नोडल अधिकारी डॉ. मुहमद आलम डॉ. महमूद अहमद और ऑल इण्डिया तिब्बी कांग्रेस से यूनिस कुरैशी कम्पाउण्डर गिराज शर्मा सतीश कुमार गोयल और अन्य लोग मौजूद रहे इस आयोजन में यूनानी चिकित्सा को जन-जन तक कैसे पहुंचाया जाये इस विषय पर चर्चा की गई यूनानी चिकित्सा एक प्राचीन और प्रभावी चिकित्सा पद्धति है जो शरीर के संतुलन और स्वास्थ्य को बनाए रखने पर केंद्रित है। यह चिकित्सा पद्धति चार तरीके से की जाती है: इलाज विह गिजा (आहार चिकित्सा) इलाज विद तदवीर (रेजीमेन्टल थैरेपी) इलाज विद दवा (फार्माकोथेरेपी) और इलाज विद यद (शल्य चिकित्सा) केन्द्र सरकार और राज्य सरकारें इस विधा के प्रचार-प्रसार के लिए प्रयासरत हैं।
आज 11/2/2025 के दिन यूनानी विद्वान हकीम अजमल खाँ की जयन्ती मनाई जाती है और उनके यूनानी के दिये योगदान को याद किया गया यूनानी चिकित्मा से पुरानी और जटिल बीमारियाँ का सम्पूर्ण इलाज सम्भव है जैसे जोड़ो के दर्द महिलाओं की समस्याओं पुरुषों की गुप्त बीमारियाँ, पुराना नजला दिमागी बीमारियाँ चर्म रोग सफेद दाग लिवर समस्या लकवा आदि का सफलता पूर्वक इलाज किया जाता है। यह आयोजन यूनानी चिकित्सा के प्रति जागरूकता बढ़ाने और इसके लाभों को जन-जन तक पहुँचाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है।
