बहराइच के मशहूर सर्जन डॉक्टर सर्वेश शुक्ला के विरुद्ध हत्या का मुकदमा दर्ज कर गिरफ़्तारी व लाइसेंस निरस्त करने की उठी मांग

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फराज़ अंसारी, ब्यूरो चीफ, बहराइच (यूपी), NIT:

भारत-नेपाल सीमा से सटे जनपद में कोरोना व बाढ़ की विभीषिका के साथ डॉक्टर भी हैवान बनकर सामने आए हैं। बीते दस दिनों के अंदर तीन नर्सिंग होम के खिलाफ मरीजों ने आवाज़ उठाई है। जिसमें दो डॉक्टरों के विरुद्ध धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं में केस दर्ज भी हुआ है। उल्लेखनीय रहे कि सलारगंज निवासी दिव्यांग प्रमोद श्रीवास्तव के गॉल ब्लेडर की पथरी का ऑपरेशन शहर के सर्जन डॉ. सर्वेश शुक्ला ने पैसों के अभाव में गलत तरीके व लापरवाही से कर देने के कारण यहां से लखनऊ रेफर होने के बाद वहां इलाज के दौरान मौत हो गयी। मृतक के घर परिवार में हाहाकार मचा हुआ है। पीड़ित के भाई विशाल श्रीवास्तव ने न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने मांग की है कि डॉक्टर सर्वेश शुक्ला के विरुद्ध हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाए।उनका हॉस्पिटल सील कर उनका लाइसेंस निरस्त कर गिरफ्तारी तत्काल की जानी चाहिए। इसी प्रकरण को शहर के युवा सोशल मीडिया पर आवाज़ उठा रहे है तथा उच्च स्तरीय जांच की मांग कर रहे हैं वहीं पीड़ित को इंसाफ दिलाने के लिए मुहिम चलाई जा रही है। इसी क्रम में अखिल भारतीय कायस्थ महासभा (रजि.2150) के वर्चुअल सम्मेलन में शहर के कायस्थ सचिन श्रीवास्तव, दीपक श्रीवास्तव व अवांकित श्रीवास्तव ने पीड़ित दिव्यांग मृतक प्रमोद श्रीवास्तव के डॉक्टर की लापरवाही से मौत का प्रकरण बेबाकी से उठाया।जिस पर ए.बी.के.एम. के राष्ट्रीय संयोजक मनीष श्रीवास्तव ने वर्चुअल सम्मेलन में आश्वासन दिया कि पीड़ित के साथ कायस्थ संगठन कंधे से कंधा मिलाकर साथ खड़ा है। उन्होंने कहा कि पीड़ित की हर सम्भव मदद की जाएगी।सोमवार को पूर्वी यूपी का एक प्रतिनिधिमंडल पीड़ित परिवार से मिलेगा। प्रशासनिक अधिकारियों से भी इस सम्बंध से संवाद जारी है शीघ्र ही इस मामले को निपटा लिया जाएगा।इस मामले को राष्ट्रीय स्तर तक पहुचाने में पीड़ित को अधिवक्ताओं, पत्रकारों व समाजसेवियों का साथ मिल रहा है।सभी अपने अपने स्तर से मामले में कार्यवाही कराने में तत्पर है।वहीं छह दिनों से सोशल मीडिया पर हो हल्ला मचने पर पीड़ित को न्याय दिलाने की आवाज़ उठने के बाद जिले के कायस्थ संगठनो की नींद टूटी है।सोशल मीडिया पर कायस्थ संगठनो की थू-थू होने के बाद जिले के अखिल भारतीय कायस्थ महासभा के पदाधिकारी पीड़ित के घर पहुंचकर उनके परिवार का हाल चाल जाना साथ ही संगठन ने पीड़ित को आश्वासन दिया है कि शीघ्र एक प्रतिनिधिमंडल पुलिस अधीक्षक से इस मामले में मुलाकात करेगा।

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